दुनिया

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काबुल में रूस के राजदूत का कहना है कि जब से अफ़ग़ानिस्तान पर तालिबान का कंट्रोल हुआ है, तबसे इस गुट के ख़िलाफ़ कोई प्रदर्शन नहीं हुआ है और स्थिति सामान्य है।

अफ़ग़ानिस्तान में फंसे भारतीय नागरिकों को वापस लाने के लिए भारत सरकार अमेरिका, कतर, ताजिकिस्तान और कई अन्य मित्र देशों के साथ समन्वय तालमेल स्थापित करके अफगानिस्तान से लोगों को बाहर निकालने का अभियान चला रही है.

रोएटर्ज़ के मुताबिक दो हज़ार से अधिक अमरीकी बक्तरबंद गाड़ियां इस समय तालेबान के हाथों में हैं।

अफ़ग़ानिस्तान में तालिबान ने बुधवार को कंधार और हेरात में स्थित बंद भारतीय वाणिज्य दूतावासों की तलाशी ली.

इस्राईल को ग्रेटर इस्राईल बनाना है. नेपाल को ग्रेटर नेपाल बनाना है. बांग्लादेश ग्रेटर बांग्लादेश बनाना चाहता है. चीन अपने देश को विस्तार देना चाहता है, भारत के चरमपंथी संगठन के लोगों को अखंड भारत बनाना है

अफ़ग़ानिस्तान से प्राप्त समाचारों के अनुसार तालेबान काबुल में राष्ट्रपति भवन में दाख़िल हो गये हैं।

अफ़ग़ानिस्तान के राष्ट्रपति मोहम्मद अशरफ़ ग़नी का इस देश से चले जाने के बाद पहला संदेश