दिल्ली नगर निगम की 12 वार्ड समितियों के चुनाव 4 सितंबर को होंगे। इस संबंध में निगम ने बुधवार को अधिसूचना जारी कर दी है। वार्ड समितियों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और स्थायी समिति के सदस्यों के लिए पार्षद 30 अगस्त तक नामांकन पत्र दाखिल कर सकेंगे, और मतदान की प्रक्रिया शुरू होने से पहले तक नामांकन वापस लिया जा सकता है। निगम सचिव कार्यालय 30 अगस्त को नामांकन पत्रों की जांच करेगा।
एमसीडी आयुक्त अश्वनी कुमार ने वार्ड समितियों के चुनाव कार्यक्रम को मंजूरी दी, जिसके बाद निगम सचिव ने अधिसूचना जारी की। इस बारे में आम आदमी पार्टी, भाजपा और कांग्रेस के पार्षद दल के नेताओं को सूचित किया गया। वार्ड समितियों के चुनाव करीब डेढ़ साल बाद हो रहे हैं। उपराज्यपाल की ओर से पार्षदों की नियुक्ति पर सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद मेयर ने पिछले सप्ताह वार्ड समितियों के चुनाव कराने का निर्देश दिया था।
आप और भाजपा ने अपनी रणनीति बनानी शुरू कर दी है। आप के एमसीडी प्रभारी और विधायक दुर्गेश पाठक ने वरिष्ठ पार्षदों के साथ बैठक की और वार्ड समितियों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और स्थायी समिति के सदस्यों के नामों पर चर्चा की। भाजपा के नेता प्रतिपक्ष और पार्षद राजा इकबाल सिंह ने पार्टी नेताओं से वार्ड समितियों के चुनाव की योजना पर चर्चा की। दोनों दल 30 अगस्त को नामांकन पत्र दाखिल करने की संभावना जताते हैं।
एमसीडी की 12 वार्ड समितियों में से सात में भाजपा का बहुमत है—नरेला, नजफगढ़, केशवपुरम, शाहदरा दक्षिणी, शाहदरा उत्तरी, मध्य और सिविल लाइन। हालांकि, सिविल लाइन वार्ड समिति में भाजपा और आप के पार्षदों की संख्या में केवल एक मत का अंतर है। इसके विपरीत, आप को रोहिणी, पश्चिमी, दक्षिणी, सिटी-सदर पहाड़गंज और करोल बाग वार्ड समितियों में बहुमत प्राप्त है।
